Elara Capital ने Zomato को ‘बाय’ रेटिंग दी है और टारगेट प्राइस 415 रुपये रखा है। यह मौजूदा शेयर मूल्य 226.70 रुपये से 83 प्रतिशत ऊपर है। रिपोर्ट में प्लेटफॉर्म फीस बढ़ोतरी को मजबूत ग्रोथ का कारण बताया गया है। Zomato ने 20 मार्च 2026 को फीस 12.50 रुपये से बढ़ाकर 14.90 रुपये प्रति ऑर्डर कर दी, जो 19 प्रतिशत की वृद्धि है ।
प्लेटफॉर्म फीस बढ़ोतरी का प्रभाव
हर 1 रुपये फीस बढ़ोतरी से टेक रेट में 26 बेसिस पॉइंट सुधार होता है। इससे सालाना 120 करोड़ रुपये का अतिरिक्त EBITDA जुड़ सकता है। 50 प्रतिशत मार्केट में लागू होने पर FY27 में EBITDA में 7-8 प्रतिशत ग्रोथ और 40 बेसिस पॉइंट मार्जिन सुधार संभव है। औसत ऑर्डर वैल्यू 475 रुपये के मुकाबले 14.90 रुपये की फीस केवल 3.1 प्रतिशत है, जो डिमांड पर असर नहीं डालती। अगस्त 2023 से फीस बढ़ाने पर GOV ग्रोथ 20 प्रतिशत से ऊपर रही ।
हालिया वित्तीय नतीजे
Q3 FY26 (दिसंबर 2025) में कंसोलिडेटेड रेवेन्यू 16,315 करोड़ रुपये रहा, जो YoY 202 प्रतिशत बढ़ा। एडजस्टेड EBITDA 364 करोड़ रुपये हो गया, जिसमें 28 प्रतिशत वृद्धि हुई। नेट प्रॉफिट 102 करोड़ रुपये दर्ज किया गया, जो 73 प्रतिशत ऊपर है। Blinkit ने 4 करोड़ रुपये का EBITDA प्रॉफिट दिया, जबकि Hyperpure का 1 करोड़ रुपये रहा। मंथली ट्रांजैक्टिंग यूजर्स की ग्रोथ 22 प्रतिशत हो गई ।
शेयर प्रदर्शन और मार्केट कैप
23 मार्च 2026 को Zomato शेयर 2.29 प्रतिशत गिरकर 226.70 रुपये पर बंद हुआ। पिछले एक महीने में 16 प्रतिशत और छह महीनों में 33 प्रतिशत की गिरावट आई। मार्केट कैप 2,24,178 करोड़ रुपये है। एडजस्टेड EBITDA मार्जिन 5.4 प्रतिशत है, जो FY28 तक 6 प्रतिशत पहुंच सकता है। फ्यूल कॉस्ट बढ़ने से बचाव के लिए फीस हाइक सहायक होगी
Disclaimer: यहां पर दी गई जानकारी कोई भी निवेश सलाह नहीं है। शेयर बाजार में निवेश करने से पहले मार्केट एक्सपर्ट की राय जरुर लें और अपनी जिम्मेदारी पर ही निवेश करें।




